caseriqक़ुरआन में अर्थ-आधारित खोज

सूरा An-Naml, आयत 87

मक्का · अवतरण क्रम 48 · 27:87

وَيَوْمَ يُنفَخُ فِى ٱلصُّورِ فَفَزِعَ مَن فِى ٱلسَّمَٰوَٰتِ وَمَن فِى ٱلْأَرْضِ إِلَّا مَن شَآءَ ٱللَّهُ وَكُلٌّ أَتَوْهُ دَٰخِرِينَ

Hindi Translation - Azizul Haq Al-Omariऔर जिस दिन सूर (नरसिंघा) में फूँका[18] जाएगा, तो जो भी आकाशों में है और जो भी धरती में है, घबरा जाएगा, सिवाय उसके जिसे अल्लाह चाहे। तथा वे सब उसके पास अपमानित होकर आएँगे।
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भाषा — 70