caseriqक़ुरआन में अर्थ-आधारित खोज

सूरा An-Nisaa, आयत 48

मदीना · अवतरण क्रम 92 · 4:48

إِنَّ ٱللَّهَ لَا يَغْفِرُ أَن يُشْرَكَ بِهِۦ وَيَغْفِرُ مَا دُونَ ذَٰلِكَ لِمَن يَشَآءُ وَمَن يُشْرِكْ بِٱللَّهِ فَقَدِ ٱفْتَرَىٰٓ إِثْمًا عَظِيمًا

Hindi Translation - Azizul Haq Al-Omariनिःसंदेह, अल्लाह यह क्षमा नहीं करेगा कि उसका साझी बनाया जाए[40] और इसके सिवा जिसे चाहेगा, क्षमा कर देगा। और जिसने अल्लाह का साझी बनाया, उसने बहुत बड़ा पाप गढ़ लिया।
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भाषा — 70